दुकान में इंटरनेट का कोई भरोसा नहीं होता। राउटर ज़रा झपका और बिलिंग काउंटर रुक गया, तो समझिए ग्राहकों की लाइन बाहर जा रही है। DukanData का काउंटर चलते रहने के लिए बना है।
यह कैसे काम करता है
काउंटर PC पर Windows 10 और 11 के लिए बना एक छोटा ऐप चलता है। काउंटर को जो कुछ चाहिए — आइटम, भाव, ग्राहक, स्टाफ़ के लॉगिन — उसकी अपनी कॉपी वह PC पर ही एक डेटाबेस में रखता है।
- इंटरनेट बंद: बिल ठीक हमेशा की तरह बनते हैं, उन पर नंबर लगता है और वे प्रिंट होते हैं। स्क्रीन पर "Offline" लिखा आता है और गिनती दिखती है कि कितना कुछ भेजे जाने के इंतज़ार में है।
- इंटरनेट वापस: काउंटर वह सब भेज देता है जो उसने दर्ज किया, और वह सब ले लेता है जो दुकान में बदला — नया आइटम, नया भाव, दूसरे काउंटर पर जोड़ा गया ग्राहक। किसी को कुछ दबाना नहीं पड़ता।
हर बिल प्रिंट होने से पहले PC की अपनी डिस्क पर लिख लिया जाता है। बिजली चली जाए तो भी कुछ नहीं खोता।
बिना इंटरनेट क्या-क्या चलता है
बिल, वापसी और क्रेडिट नोट, उधार की रसीदें, ख़र्चे, गल्ला, थर्मल प्रिंटर, PIN या फ़ोन कोड से मैनेजर की मंज़ूरी, और दिन का हिसाब (Day end)।
बिल नंबर जो कभी नहीं टकराते
हर काउंटर को पहले से ही नंबरों का अपना अलग हिस्सा दे दिया जाता है। दो काउंटर एक ही पल में बिना इंटरनेट बिल बना रहे हों, तब भी एक ही बिल नंबर नहीं बन सकता।
और मालिक
मालिक का दुकान में होना ज़रूरी नहीं। काउंटर के सिंक होते ही हर बिल ब्राउज़र में दिखता है, किसी भी डिवाइस पर — और Day end की रिपोर्ट WhatsApp पर आ जाती है।
एक बचाव
जो काउंटर तीन दिन से दुकान तक नहीं पहुँचा, वह सिंक होने तक बिल बनाना बंद कर देता है, ताकि दुकान का बही-खाता कभी बहुत पीछे न रह जाए।
14 दिन मुफ़्त, कोई कार्ड नहीं। काउंटर PC, बिना इंटरनेट · प्लान देखिए · हमें कॉल करने को कहिए